फिरोजाबाद, 28 अगस्त (Udaipur Kiran) । न्यायालय ने गुरुवार को हत्या के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उस पर अर्थ दंड लगाया है। अर्थ दंड न देने पर उसे अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
थाना नगला खंगर के उरावर निवासी चंद्रभान सिंह की 29 जुलाई 2017 को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हमलावर ने चंद्रभान के बेटे सोनेलाल को वही पर गोली मारकर घायल कर दिया। चंद्रभान के दूसरे बेटे भुवनेश ने अपने ताऊ हरिभान सिंह यादव उर्फ मुन्ना यादव पुत्र आज्ञाराम उसके बेटों यादवेंद्र सिंह उर्फ भोले, राघवेंद्र उर्फ भुल्ले तथा उपेन्द्र सिंह उर्फ आशू के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया।
मुकदमे में कहा गया था कि हरिभान सिंह गलत नीयत से उसकी बहन के साथ बदतमीजी कर रहा था। उसी दौरान उसके पिता चंद्रभान व भाई सोनेलाल बाजार से आ गए। उन्हें देख हरिभान ने उन पर गोलियां चला दी।
पुलिस ने हत्या व हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर विवेचना के बाद हरिभान के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया।
मुकदमा अपर सत्र न्यायाधीश, विशेष न्यायाधीश पोक्सो मुमताज अली की अदालत में चला। अभियोजन पक्ष की तरफ से मुकदमे की पैरवी एडीजीसी अरवेश शुक्ला ने की। उन्होंने बताया कि मुकदमे के दौरान कई गवाहों ने गवाही दी। कई साक्ष्य न्यायालय के सामने प्रस्तुत किए गए। गवाहों को गवाही तथा साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने उसे दोषी माना। न्यायालय ने उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उस पर दो लाख एक हजार रुपया अर्थ दंड लगाया है। अर्थ दंड न देने पर उसे अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
(Udaipur Kiran) / कौशल राठौड़
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